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तू प्यार का सागर है: भजन (Tu Pyar Ka Sagar Hai)

तू प्यार का सागर है,

तेरी एक बूँद के प्यासे हम ।

लौटा जो दिया तूने,

चले जायेंगे जहां से हम ।

तू प्यार का सागर है..॥


घायल मन का पागल पंछी,

उड़ने को बेकरार ।

पंख हैं कोमल, आँख है धुंदली,

जाना है सागर पार ।

अब तू ही इसे समझा,

राह भूले थे कहाँ से हम ।

तू प्यार का सागर है..॥


इधर झूम के गाए जिन्दगी,

उधर है मौत खड़ी ।

कोई क्या जाने कहाँ है सीमा,

उलझन आन पड़ी ।

कानों में ज़रा कह दे,

कि आएं कौन दिशा से हम ।

तू प्यार का सागर है..॥


तू प्यार का सागर है,

तेरी एक बूँद के प्यासे हम ।

लौटा जो दिया तूने,

चले जायेंगे जहां से हम ।

तू प्यार का सागर है..॥

वो है जग से बेमिसाल सखी

कोई कमी नही है, दर मैय्या के जाके देख।
देगी तुझे दर्शन मैय्या, तू सर को झुका के देख।

जब अयोध्या में जन्म, लिया राम ने(Jab Ayodhya Mein Janm Liya Ram Ne)

जब अयोध्या में जन्म,
लिया राम ने ॥

हरे राम हरे रामा, जपते थे हनुमाना (Hare Ram Hare Rama Japte The Hanumana)

हरे राम हरे रामा,
जपते थे हनुमाना,

विजया एकादशी व्रत कथा 2025

हर महीने के कृष्ण और शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि पर भगवान विष्णु के निमित्त व्रत किया जाता है। फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी को विजया एकादशी कहते हैं, जिसका हिंदू धर्म में विशेष महत्व है।