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जपूं नारायणी तेरो नाम (Japu Narayani Tero Naam)

जपूँ नारायणी तेरो नाम,

राणीसती माँ झुँझनवाली,

राणीसती माँ झुँझनवाली,

सांचो तेरो धाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम ॥


श्रद्धा के भाव से माँ,

करे जो तेरा पूजन,

वहां तू प्यार बहा दे,

जहाँ हो तेरा वंदन,

कितने तीरथ का फल देता,

कितने तीरथ का फल देता,

तेरा माँ एक नाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम ॥


कभी भी इस जीवन में,

मुसीबत कैसी आए,

तेरे इस नाम से माँ,

करिश्मे हमने पाए,

इसीलिए तो नाम तुम्हारा,

इसीलिए तो नाम तुम्हारा,

जपते सुबहो शाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम ॥


देखि सारे जग माहि,

तेरा मंदिर है निराला,

वो ही आवे यहाँ पे,

होवे जो किस्मत वाला,

‘अंकुश’ जो तेरे दर आए,

‘अंकुश’ जो तेरे दर आए,

जपूं नारायणी तेरो नाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम ॥


जपूँ नारायणी तेरो नाम,

राणीसती माँ झुँझनवाली,

राणीसती माँ झुँझनवाली,

सांचो तेरो धाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम,

जपूं नारायणी तेरो नाम ॥

सूर्य का कुंभ राशि में प्रवेश

सूर्य हर महीने राशि परिवर्तन करते हैं। इनके राशि बदलने से मनुष्य समेत प्रकृति पर भी प्रभाव पड़ता है। बीते 14 जनवरी को सूर्य ने मकर राशि में प्रवेश किया था। जिसके बाद सूर्य उत्तरायण हो गए और शुभ दिन शुरू हुआ।

बुधवार व्रत की प्रामाणिक-पौराणिक कथा (Budhvaar Vrat Ki Praamaanik-Pauraanik Katha)

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लगी रे मेरी मैया जी से प्रीत (Lagi Re Meri Maiya Ji Se Preet)

हार की कोई चिंता नहीं,
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वक्रतुण्ड महाकाय,
सूर्यकोटि समप्रभ,