नवीनतम लेख

मेरे सरकार आये है(Mere Sarkar Aaye Hain)

सजा दो घर को गुलशन सा,

मेरे सरकार आये है,

मेरे सरकार आये है,

लगे कुटिया भी दुल्हन सी,

लगे कुटिया भी दुल्हन सी,

मेरे सरकार आये है,

सजा दो घर को गूलशन सा,

मेरे सरकार आये है ॥


पखारो इनके चरणो को,

बहा कर प्रेम की गंगा,

बहा कर प्रेम की गंगा,

बिछा दो अपनी पलको को,

मेरे सरकार आये है,

सजा दो घर को गूलशन सा,

मेरे सरकार आये है ॥


सरकार आ गए है मेरे गरीब खाने मे,

आया है दिल को सुकून उनके करीब आने में,

मुद्द्त से प्यासी अखियो को मिला आज वो सागर,

भटका था जिसको पाने के खातिर इस ज़माने में ॥


उमड़ आई मेरी आँखे,

देख कर अपने बाबा को,

देख कर अपने बाबा को,

हुई रोशन मेरी गलियां,

मेरे सरकार आये है,

सजा दो घर को गूलशन सा,

मेरे सरकार आये है ॥


तुम आकर फिर नहीं जाना,

मेरी इस सुनी दुनिया से,

मेरी इस सुनी दुनिया से,

कहूँ हर दम यही सब से,

मेरे सरकार आये है,

सजा दो घर को गूलशन सा,

मेरे सरकार आये है ॥


सजा दो घर को गुलशन सा,

मेरे सरकार आये है,

मेरे सरकार आये है,

लगे कुटिया भी दुल्हन सी,

लगे कुटिया भी दुल्हन सी,

मेरे सरकार आये है,

सजा दो घर को गूलशन सा,

मेरे सरकार आये है ॥

दर्शन को अखियाँ प्यासी है, कब दर्शन होगा श्याम धणी(Darshan Ko Akhiyan Pyasi Hai, Kab Darshan Hoga Shyam Ghani)

दर्शन को अखियाँ प्यासी है,
कब दर्शन होगा श्याम धणी,

आली री मोहे लागे वृन्दावन नीको ( (Aali Ri Mohe Lage Vrindavan Neeko)

लागे वृन्दावन नीको,
सखी मोहे लागे वृन्दावन नीको।

भाव सुमन लेकर मैं बैठा, गौरी सुत स्वीकार करो (Bhav Suman Lekar Main Baitha Gaurisut Swikar Karo)

भाव सुमन लेकर मैं बैठा,
गौरी सुत स्वीकार करो,

बसंत पंचमी पर किस दिशा में करें पूजा

हिंदू पंचांग के अनुसार, हर साल वर्ष माघ मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को बसंत पंचमी का त्योहार मनाया जाता है। वहीं इस साल बसंत पंचमी 02 फरवरी को मनाया जाएगा।

यह भी जाने