नवीनतम लेख

नाम लेगा जो बजरंगबली का(Naam Lega Jo Bajrangbali Ka)

नाम लेगा जो बजरंगबली का,

कष्ट जीवन के सारे कटेंगे ॥


नाम हनुमान का जो भजेगा,

उसका दुनिया में डंका बजेगा,

नाम के इनकी फेरे रोज माला,

उसके दुख दर्द सारे मिटेंगे,

नाम लेगा जों बजरंगबली का,

कष्ट जीवन के सारे कटेंगे ॥


है हनुमान धन धान्य दाता,

जोड़ लो इनकी भक्ति से नाता,

बन गया जो भी इनका दीवाना,

उसको हर पल सहारे मिलेंगे,

नाम लेगा जों बजरंगबली का,

कष्ट जीवन के सारे कटेंगे ॥


जब हनुमान करते है मंगल,

फिर ना होता कभी भी अमंगल,

पड़ लो हनुमान जी की चालीसा,

गम के बादल तुम्हारे छटेंगे,

नाम लेगा जों बजरंगबली का,

कष्ट जीवन के सारे कटेंगे ॥


नाम लेगा जो बजरंगबली का,

कष्ट जीवन के सारे कटेंगे ॥

100 साल बाद सूर्यग्रहण और शनि का अशुभ संयोग

29 मार्च 2025 का दिन खगोलीय दृष्टि से बेहद खास और दुर्लभ रहने वाला है। लगभग 100 वर्षों बाद ऐसा संयोग बन रहा है, जब सूर्यग्रहण और शनि गोचर एक ही दिन हो रहे हैं।

मैं तो आरती उतारूँ रे संतोषी माता की - माँ संतोषी भजन (Main Toh Aarti Utaru Re Santoshi Mata Ki)

मैं तो आरती उतारूँ रे संतोषी माता की ।
मैं तो आरती उतारूँ रे संतोषी माता की ।

माखन खा गयो माखनचोर(Makhan Kha Gayo Makhan Chor)

नटखट नटखट नंदकिशोर,
माखन खा गयो माखनचोर,

चैत्र के साथ कार्तिक मास में भी मनाया जाता है हनुमान जन्मोत्सव, जानिए क्या है हनुमान के दो जन्मोत्सव मनाने का रहस्य

बल, बुद्धि और विद्या के देव माने जानें वाले हनुमान जी की जयंती भारतीय संस्कृति में महत्वपूर्ण जगह रखती है। यह पर्व उन भक्तों के लिए विशेष होता है जो जीवन में भक्ति, शक्ति और साहस को महत्व देते हैं।

यह भी जाने