बनेंगे सारे बिगड़े काम, प्रभु श्री राम को पूजो (Banenge Sare Bigde Kaam Prabhu Shri Ram Ko Pujo)

बनेंगे सारे बिगड़े काम,

प्रभु श्री राम को पूजो,

यही विष्णु यही घनश्याम,

प्रभु श्री राम को पूजो ॥


ना होगी धुप की चिंता,

ना कोई भी फिकर होगी,

सुहानी होगी सुबहो शाम,

प्रभु श्री राम को पूजो ॥


बनो हनुमान के जैसा,

प्रभु श्री राम में तुझको,

नज़र आएँगे चारो धाम,

प्रभु श्री राम को पूजो ॥


वो कल नल नील केवट और,

विभीषण सा तुम्हारा भी,

जगत में होगा ऊँचा नाम,

प्रभु श्री राम को पूजो ॥


अयोध्या में गया जो भी,

वही कहता है ‘सुर’ सबसे,

मिलेगा चित्त को आराम,

प्रभु श्री राम को पूजो ॥


बनेंगे सारे बिगड़े काम,

प्रभु श्री राम को पूजो,

यही विष्णु यही घनश्याम,

प्रभु श्री राम को पूजो ॥

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शिवजी को काल भैरव क्यों कहते हैं

मध्य प्रदेश के उज्जैन शहर में क्षिप्रा नदी के तट पर भगवान शिव महाकाल के रूप में विराजमान हैं। बारह ज्योतिर्लिंगों में यह तीसरे स्थान पर आता है। उज्जैन में स्थित यह ज्योतिर्लिंग देश का एकमात्र शिवलिंग है जो दक्षिणमुखी है। मंदिर से कई प्राचीन परंपराएं जुड़ी हुई हैं।

राम नाम को जपता, सुबहो शाम है (Ram Naam Ko Japta Subaho Shaam Hai)

राम नाम को जपता,
सुबहो शाम है,

राधे ब्रज जन मन सुखकारी(Radhe Braj Jan Man Sukhakari)

राधे ब्रज जन मन सुखकारी,
राधे श्याम श्यामा श्याम

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