मेरा कोई न सहारा बिन तेरे (Mera Koi Na Sahara Bin Tere)

मेरा कोई न सहारा बिन तेरे,

ओ शिव शंकर मेरे,

ओ भोले बाबा मेरे,

मैं तो जनम जनम भटका हूँ,

जगा दे अब भाग्य मेरे,

ओ शिव शंकर मेरे ॥


छोड़ दुनिया के सारे झूठे नाते,

भोले मैं तेरे द्वार आ गया,

मैं तो दुनिया के दुखो से हूँ हारा,

मैं तो दुनिया के दुखो से हूँ हारा,

मिटा दे सब दुःख मेरे,

ओ शिव शंकर मेरे,

ओ भोले बाबा मेरे ॥


मेरे पांवो में पड़े है देखो छाले,

तेरे दर आते आते,

तेरा मंदिर तो मेरा है द्वारा,

तेरा मंदिर तो मेरा है द्वारा,

लगाने आया मैं हूँ डेरे,

ओ शिव शंकर मेरे,

ओ भोले बाबा मेरे ॥


तेरे चरणों में जीवन बीते,

यही है विनती मेरी,

मेरी विनती स्वीकार तू करना,

मेरी विनती स्वीकार तू करना,

हे शिव शंकर मेरे,

ओ शिव शंकर मेरे,

ओ भोले बाबा मेरे ॥


मेरा कोई न सहारा बिन तेरे,

ओ शिव शंकर मेरे,

ओ भोले बाबा मेरे,

मैं तो जनम जनम भटका हूँ,

जगा दे अब भाग्य मेरे,

ओ शिव शंकर मेरे ॥

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मेरे सोये भाग जगा भी दो(Mere Soye Bhag Jga Bhi Do Shiv Damaru Wale)

मेरे सोये भाग जगा भी दो,
शिव डमरू वाले,

प्रदोष व्रत चालीसा

हर माह के शुक्ल और कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को प्रदोष व्रत रखा जाता है, जो भगवान शिव की पूजा को समर्पित होता है। धार्मिक ग्रंथों के अनुसार प्रदोष व्रत कन्याओं के लिए बेहद खास होता है, इस दिन भोलेनाथ की उपासना करने और व्रत रखने से मनचाहा वर पाने की कामना पूरी होती हैं।

बेगा सा पधारो जी, सभा में म्हारे आओ गणराज (Bega Sa Padharo Ji Sabha Mein Mhare Aao Ganraj)

बेगा सा पधारो जी,
सभा में म्हारे आओ गणराज,

माघ गुप्त नवरात्रि 2025

हिंदू धर्म में नवरात्रि के पर्व को नारी शक्ति और देवी दुर्गा का प्रतीक माना जाता है। यह त्योहार देवी दुर्गा के नौ रूपों की पूजा को समर्पित है। हिंदू धर्म में नवरात्रि का बड़ा महत्व है।

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