गजानंद वन्दन करते है (Gajanand Vandan Karte Hain)

गजानंद वंदन करते है ॥

आज सभा में स्वागत है,

अभिनंदन करते है,

गजानंद वंदन करते है,

गजानंद वंदन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

गजानंद वंदन करते है,

गजानंद वंदन करते है ॥


देव तुमसा ना दूजा,

प्रथम हो तेरी पूजा,

नाम तेरे का डंका,

आज घर घर में गूंजा,

वेद पुराण शास्त्र,

सब तेरा वर्णन करते है ॥


गजानंद वंदन करते है,

गजानंद वन्दन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

गजानंद वन्दन करते है,

गजानंद वन्दन करते है ॥


उमा शंकर के प्यारे,

हमारे बनो सहारे,

रिद्धि सिद्धि के दाता,

भरो भंडार हमारे,

गले हार पहनाकर,

माथे चंदन करते है ॥


गजानंद वन्दन करते है,

गजानंद वन्दन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

गजानंद वन्दन करते है,

गजानंद वन्दन करते है ॥


तेरी अद्भुत है माया,

कोड़ियो को दे काया,

भरी भक्तो की झोलियाँ,

शरण जो तेरी आया,

तेरी दया से अंधे भी,

जग दर्शन करते है ॥


गजानंद वन्दन करते है,

गजानंद वन्दन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

गजानंद वन्दन करते है,

गजानंद वन्दन करते है ॥


‘मातृदत्त’ विनती करता,

लाभ शुभ देवो आकर,

श्याम सुन्दर गुण गाता,

बस तेरा ध्यान लगाकर,

दर्शन देकर करो कृपा,

तेरा सुमिरन करते है ॥


गजानंद वन्दन करते है,

गजानंद वन्दन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

वंदन करते है, आज,

अभिनंदन करते है,

गजानंद वन्दन करते है,

गजानंद वन्दन करते है ॥

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मन तेरा मंदिर आँखे दिया बाती(Man Tera Mandir Ankhen Diya Bati)

मन तेरा मंदिर आँखे दिया बाती,
होंठो की हैं थालियां बोल फूल पाती,

उनके हाथों में लग जाए ताला (Unke Hato Me Lag Jaye Tala)

उनके हाथों में लग जाए ताला, अलीगढ़ वाला।
सवा मन वाला, जो मैय्या जी की ताली न बजाए।

परिश्रम करे कोई कितना भी लेकिन (Parishram Kare Koi Kitana Bhi Lekin)

परिश्रम करे कोई कितना भी लेकिन,
कृपा के बिना काम चलता नहीं है ।

कभी-कभी भगवान को भी भक्तो (Kabhi Kabhi Bhagwan Ko Bhi Bhakto Se Kam Pade)

प्रभु केवट की नाव चढ़े
कभी कभी भगवान को भी भक्तो से काम पड़े ।

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