आ रही है पालकी (Aa Rahi Hai Palki)

आ रही है पालकी,

भोलेनाथ शम्भू महाकाल की,

हार फूल धूप बत्ती,

हाथ में है थाल प्रसाद,

शम्भू महाकाल की,

आ रही हैं पालकी,

भोलेनाथ शम्भू महाकाल की ॥


हाथी घोड़े आगे बाजे बैंड बाजे,

देखी झांकी कमाल की,

कोई भूत कोई भोले,

आते जाते हर एक बोले,

जय शम्भू महाकाल की,

साँस चढती आस बढ़ती,

दर्शनों की ललक,

शंभू महाकाल की,

आ जाये सुकून धडकनौ को,

जो दिखे सवारी की झलक,

शम्भू महाकाल की ॥


दुख घटेंगैं सुख बढ़ेंगे,

अपने भक्तों के भरेंगे घाव,

महाकाल जी,

किरपा की तिरपाल रहती,

हैं ये पूरे साल सर पर,

महाकाल की,

जितनी नजर मिले,

उतनी मिले नजर,

महाकाल की,

करम है भरम है,

जीवन में भरे रंग है,

इक नजर मेरे महाकाल की ॥


आ रही है पालकी,

भोलेनाथ शम्भू महाकाल की,

हार फूल धूप बत्ती,

हाथ में है थाल प्रसाद,

शम्भू महाकाल की,

आ रही हैं पालकी,

भोलेनाथ शम्भू महाकाल की ॥


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मेरी आखिओं के सामने ही रहना(Meri Akhion Ke Samne Hi Rehina Oh Shero Wali Jagdambe)

मेरी आखिओं के सामने ही रहना,
माँ शेरों वाली जगदम्बे ।

गणेश जयंती के उपाय

प्रत्येक वर्ष माघ मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को गणेश जयंती मनाई जाती है। इसे विनायक जयंती अथवा वरद जयंती के नाम से भी जाना जाता है।

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गणपति तेरे चरणों की, पग धूल जो मिल जाए (Ganapati Tere Charno Ki Pag Dhool Jo Mil Jaye)

गणपति तेरे चरणों की,
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