हमारे भोले बाबा को, मना लो जिसका दिल चाहे (Hamare Bhole Baba Ko Mana Lo Jiska Dil Chahe)

हमारे भोले बाबा को,

मना लो जिसका दिल चाहे,

है भोले प्रेम के भूखे,

लुटा लो जिसका दिल चाहे,

हमारे भोलें बाबा को,

मना लो जिसका दिल चाहे ॥


माथे पर चंद्रमा सोहे,

गले में सर्पों की माला,

लटों बह रही गंगा,

नहा लो जिसका दिल चाहे,

हमारे भोलें बाबा को,

मना लो जिसका दिल चाहे ॥


भोले के अंग भभूति है,

कमर में मृग छाला है,

हाथ में डम डम डमरू है,

बजा लो जिसका दिल चाहे,

हमारे भोलें बाबा को,

मना लो जिसका दिल चाहे ॥


भोले की नंदी की सवारी,

बगल में गौरा महतारी,

गोद में गणपति लाला,

खिला लो जिसका दिल चाहे,

हमारे भोलें बाबा को,

मना लो जिसका दिल चाहे ॥


हमारे भोले बाबा को,

मना लो जिसका दिल चाहे,

है भोले प्रेम के भूखे,

लुटा लो जिसका दिल चाहे,

हमारे भोलें बाबा को,

मना लो जिसका दिल चाहे ॥

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भजहु रे मन श्री नंद नंदन (Bhajahu Re Mann Shri Nanda Nandan)

भजहु रे मन श्री नंद नंदन
अभय-चरणार्विन्द रे

शिव उठत, शिव चलत, शिव शाम-भोर है। (Shiv Uthat Shiv Chalat Shiv Sham Bhor Hai)

शिव उठत, शिव चलत, शिव शाम-भोर है।
शिव बुद्धि, शिव चित्त, शिव मन विभोर है॥ ॐ ॐ ॐ...

Jai Shree Mahakal (जय जय श्री महाकाल)

नागेन्द्रहाराय त्रिलोचनाय,
भस्माङ्गरागाय महेश्वराय ।

थाईपुसम त्योहार कब है

थाईपुसम त्योहार बुराई पर अच्छाई की जीत, अंधकार पर प्रकाश की जीत और अज्ञानता पर ज्ञान की जीत का प्रतीक है। भक्तजन जीवन की बाधाओं को पार करने के लिए मार्गदर्शन पाने के लिए मुरुगन से प्रार्थना करते हैं।

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