माँ का है जगराता, माँ को आज मनाएंगे(Maa Ka Hai Jagrata Maa Ko Aaj Manayenge)

माँ का है जगराता,

माँ को आज मनाएंगे,

जय माता दी बोल के,

सब जयकारे लाएंगे ॥


दिन आज खुशी का आया है,

माँ का दरबार सजाया है,

माँ के भक्तों माँ की महिमा,

सबको सुनाएंगे,

जय माता दी बोल के,

सब जयकारे लाएंगे ॥


ये वारे न्यारे करती है,

खुशियों से झोली भारती है,

माँ के दर से भक्त झोलियां,

भर ले जाएंगे,

जय माता दी बोल के,

सब जयकारे लाएंगे ॥


भक्तो ने धूम मचाई है,

नच नच के धूल उड़ाई है,

‘खन्ना’ माँ की महिमा गाके,

माँ को रिझाएंगे,

जय माता दी बोल के,

सब जयकारे लाएंगे ॥


माँ का है जगराता,

माँ को आज मनाएंगे,

जय माता दी बोल के,

सब जयकारे लाएंगे ॥

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हरी सिर धरे मुकुट खेले होरी (Hari Sir Dhare Mukut Khele Hori)

हरी सिर धरे मुकुट खेले होरी
कहाँ से आयो कुँवर कन्हैया

शिव पंचाक्षर स्तोत्र मंत्र (Shiv Panchakshar Stotram )

॥ श्रीशिवपञ्चाक्षरस्तोत्रम् ॥
नागेन्द्रहाराय त्रिलोचनाय,
भस्माङ्गरागाय महेश्वराय ।
नित्याय शुद्धाय दिगम्बराय,
तस्मै न काराय नमः शिवाय ॥१॥ ॥ Shrishivpanchaksharastotram ॥
nagendraharay trilochanay,
bhasmangaragay maheshvaray .
nityay shuddhay digambaray,
tasmai na karay namah shivay .1.

मैं भोला पर्वत का - शिव भजन (Main Bhola Parvat Ka)

मैं भोला पर्वत का
रै तू राणी महला की

महातारा जयंती कब है?

हिंदू धर्म में माता महातारा को आदि शक्ति का एक दिव्य और शक्तिशाली रूप माना जाता है। दस महाविद्याओं में से एक, महातारा देवी को ज्ञान, सिद्धि और सुरक्षा प्रदान करने वाली देवी के रूप में पूजा जाता है।

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