अगर माँ ने ममता लुटाई ना होती (Agar Maa Ne Mamta Lutai Na Hoti)

अगर माँ ने ममता लुटाई ना होती,

तो ममतामयी माँ कहाई ना होती ॥


द्वारे पे आए माँ हमको निहारो,

सोई हुई तक़दीर संवारो,

अगर माँ की ज्योति जलाई ना होती,

तो ममतामयी माँ कहाई ना होती,

तो ममतामयी माँ कहाई ना होती,

अगर मां ने ममता ॥


हमें क्या पड़ी है हम तुम्हे मनाए,

हमारा तो हक़ है की हम रूठ जाए,

अगर माँ मनाने तू आई ना होती,

तो ममतामयी माँ कहाई ना होती,

तो ममतामयी माँ कहाई ना होती,

अगर मां ने ममता ॥


फटकार देना माँ दुत्कार देना,

मगर भोली माँ लाल को प्यार देना,

अगर माँ ने बिगड़ी बनाई ना होती,

तो ममतामयी माँ कहाई ना होती,

तो ममतामयी माँ कहाई ना होती,

अगर मां ने ममता ॥


अगर माँ ने ममता लुटाई ना होती,

तो ममतामयी माँ कहाई ना होती ॥

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वरुण देवता की पूजा विधि क्या है?

सनातन धर्म में वरुण देव को जल का देवता माना जाता है।

शंकर दयालु दूसरा, तुमसा कोई नहीं (Shankar Dayalu Dusra Tumsa Koi Nahi)

शंकर दयालु दूसरा,
तुमसा कोई नहीं,

डिम डिम डमरू बजावेला हामार जोगिया(Dim Dim Damroo Bajavela Hamar Jogiya)

डिम डिम डमरू बजावेला हामार जोगिया
हे हमार जोगिया हो हमार जोगिया

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