हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम(Humara Nahi Koi Re Tere Bina Ram)

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे,

हमारा नहीं कोई रे, तेरे बिना राम


भाई बंधु सब कुटुंब कबीला

भाई बंधु सब कुटुंब कबीला

सहारा नहीं कोई रे, तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम


गहरी नदिया नाव पुरानी

गहरी नदिया नाव पुरानी

किनारा नहीं कोई रे, तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम


हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे तेरे बिना राम

हमारा नहीं कोई रे,

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माँ! मुझे तेरी जरूरत है(Maa! Mujhe Teri Jarurat Hai)

माँ ! मुझे तेरी जरूरत है ।
कब डालोगी, मेरे घर फेरा

है भोलेनाथ की शादी हम तो नाचेंगे (Hey Bholenath Ki Shadi)

है भोलेनाथ की शादी हम तो नाचेंगे,
है भोलेनाथ की शादी हम तो नाचेंगे ॥

भीष्म अष्टमी कब है, शुभ मुहूर्त एवं योग

माघ मास के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि को भीष्म अष्टमी मनाई जाती है। कहा जाता है कि इसी दिन बाणों की शय्या पर लेटे भीष्म पितामह ने अपने प्राण त्याग किए थे। इसलिए सनातन धर्म में यह तिथि अत्यंत शुभ मानी गई है।

कार्तिगाई दीपम उत्सव क्या है

कार्तिगाई दीपम उत्सव दक्षिण भारत के सबसे प्राचीन और महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक है, जो भगवान कार्तिकेय को समर्पित है।

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