कैंलाश शिखर से उतर कर (Kailash Shikhar Se Utar Kar)

कैलाश शिखर से उतर कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर ॥


आ गए है प्रभु गौरा मैया के संग,

आ गए है प्रभु गौरा मैया के संग,

मनभावन रूप ये धर कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर,

कैंलाश शिखर से उतर कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर ॥


पुत्र कार्तिक गणेश भी संग आए है,

पुत्र कार्तिक गणेश भी संग आए है,

रिद्धि सिद्धि को साथ में ले कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर,

कैंलाश शिखर से उतर कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर ॥


थाल तुम आरती का सजाओ सखी,

थाल तुम आरती का सजाओ सखी,

सभी मंगल गाओ मिल कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर,

कैंलाश शिखर से उतर कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर ॥


आज इच्छा होगी सबके दिल की पूरी,

आज इच्छा होगी सबके दिल की पूरी,

पाएंगे दर्शन जी भर कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर,

कैंलाश शिखर से उतर कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर ॥


कैलाश शिखर से उतर कर,

मेरे घर आए है भोले शंकर ॥

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तेरे द्वार पे आने वालो ने, क्या अजब नज़ारा देखा है (Tere Dawar Pe Aane Walon Ne Kya Ajab Nazara Dekha Hai)

तेरे द्वार पे आने वालो ने,
क्या अजब नज़ारा देखा है,

ऐसी भक्ति महादेव दे दो हमें (Aisi Bhakti Mahadev De Do Hame)

ऐसी भक्ति हे शम्भू दे दो मुझे,
रात दिन मैं भजन तेरे गाता रहूं,

खाटू वाला खुद खाटू से, तेरे लिए आएगा(Khatu Wala Khud Khatu Se Tere Liye Aayega)

खाटू वाला खुद खाटू से,
तेरे लिए आएगा,

सज धज के बैठी है माँ, लागे सेठानी (Saj Dhaj Ke Baithi Hai Maa Laage Sethani)

सज धज के बैठी है माँ,
लागे सेठानी,

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