माता रानी ने कृपा बरसाई - भजन (Mata Rani Ne Kripa Barsayi)

माता रानी ने कृपा बरसाई

मेरी हर गल पूरी हुंडी आई

माता रानी ने कीती सुनवायी

मेरी हर गल पूरी हुंडी आई


ओने मेरे सारे रह खोल

मेरे सारे रुक्के कम शुद्ध होए

मेरी माया मेरी,

मेरी माया मेरी शुद्ध लेन आई

मेरी हर गल पूरी हुंडी आई


माता रानी आपे दौड़ी दौड़ी आई

एक हर खुशी मेरी झोली पाई

मेरी अम्बे ने,

मेरी अम्बे ने कीट्टी सुनवायी

मेरी हर गल पुरी हुनिद आई


अज मेरी मईया मेरे कर आई

कुशियां दे सागर विच दुबकी लगायी

मेरी दत्ती ने,

मेरी दत्ती ने कीति सुनवायी

मेरी हर गल पूरी हुंडी आई

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नामवली: रामायण मनका 108(Namavali: Ramayan Manka 108)

रघुपति राघव राजाराम ।
पतितपावन सीताराम ॥

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दर्श करा दे मेरे सांवरे, म्हारे नैना हुए बावरे (Darsh Kara De Mere Sanware Mhare Naina Huye Baware)

दर्श करा दे मेरे सांवरे,
म्हारे नैना हुए बावरे,

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ऐ री मैं तो प्रेम-दिवानी,
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