नौरता की रात मैया, गरबे रमवा आणो है (Norta ki Raat Maiya Garba Rambwa Aano Hai)

नौरता की रात मैया,

गरबे रमवा आणो है,

थाने वादों निभाणो है,

नौरता की रात ॥


साथी सहेलियां,

मईया जोवे थारी बाट,

मईया जी थाने आवणो,

माथा पे हो टीका,

काना में हो झुमका,

सज ने थाणे आवणो,

नौरता की रात मईया,

गरबे रमवा आणो है,

थाणे वादे निभाणो है,

नौरता की रात ॥


हाथा में हो चुडलो,

पावा में हो पायल,

हो छम छम करती आवणो,

सर पे हो चुनरिया,

लाले हो रंग री,

घुंगटा में थाणे आवणो,

नौरता की रात मईया,

गरबे रमवा आणो है,

थाणे वादों निभाणो है,

नौरता की रात ॥


नौरता की रात मैया,

गरबे रमवा आणो है,

थाने वादों निभाणो है,

नौरता की रात ॥

........................................................................................................
हमारे बालाजी महाराज, सभी के कष्ट मिटाते है (Hamare Balaji Maharaj Sabhi Ke Kast Mitate Hain)

हमारे बालाजी महाराज,
सभी के कष्ट मिटाते है,

श्री गणपत्यथर्वशीर्षम् स्तोत्रम्

ॐ भद्रं कर्णेभिः शृणुयामदेवाः भद्रं पश्येमाक्षभिर्यजत्राः।
स्थिरैरङ्गैस्तुष्टुवाꣳ सस्तनूभिःव्यशेम देवहितं यदायुः॥

कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की प्रबोधिनी एकादशी (Kaartik Maas Ke Shukl Paksh Kee Prabodhinee Ekaadashee)

ब्रह्माजी ने कहा कि हे मनिश्रेष्ठ ! गंगाजी तभई तक पाप नाशिनी हैं जब तक प्रबोधिनी एकादशी नहीं आती। तीर्थ और देव स्थान भी तभी तक पुण्यस्थल कहे जाते हैं जब तक प्रबोधिनी का व्रत नहीं किया जाता।

मोरे उज्जैन के राजा करों किरपा(More Ujjain Ke Raja Karo Kirpa)

महाकाल सो नाम नहीं,
और उज्जैन सो कोई धाम,

डिसक्लेमर

'इस लेख में दी गई जानकारी/सामग्री/गणना की प्रामाणिकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। सूचना के विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/धार्मिक मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संकलित करके यह सूचना आप तक प्रेषित की गई हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।

यह भी जाने