जो प्रेम गली में आए नहीं (Jo Prem Gali Me Aaye Nahi)

जो प्रेम गली में आए नहीं,

प्रियतम का ठिकाना क्या जाने,

जिसने कभी प्रेम किया ही नहीं,

वो प्रेम निभाना क्या जानें,

जो प्रेम गली में आए नही ॥


जो वेद पढ़े और भेद करे,

मन में नहीं निर्मलता आए,

कोई कितना भी चाहे ज्ञान कहे,

भगवान को पाना क्या जाने,

जो प्रेम गली में आये नहीं,

प्रियतम का ठिकाना क्या जाने,

जो प्रेम गली में आये नहीं ॥


ये दुनिया गोरख धंधा है,

सब जग माया में अँधा है,

जिस अंधे ने प्रभु को देखा नहीं,

वो रूप बताना क्या जाने,

जो प्रेम गली में आये नहीं,

प्रियतम का ठिकाना क्या जाने,

जो प्रेम गली में आये नहीं ॥


जिस दिल में ना पैदा दर्द हुआ,

वो जाने पीर पराई क्या,

मीरा है दीवानी मोहन की,

संसार दीवाना क्या जाने,

जो प्रेम गली में आये नहीं,

प्रियतम का ठिकाना क्या जाने,

जो प्रेम गली में आये नहीं ॥


जो प्रेम गली में आए नहीं,

प्रियतम का ठिकाना क्या जाने,

जिसने कभी प्रेम किया ही नहीं,

वो प्रेम निभाना क्या जानें,

जो प्रेम गली में आए नही ॥

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ये बाबा बहुत बड़ा हैं (Ye Baba Bahut Bada Hai)

हर भक्तों के दिल से निकले,
एक यही आवाज़,

हे जग स्वामी, अंतर्यामी, तेरे सन्मुख आता हूँ (He Jag Swami Anataryami, Tere Sanmukh Aata Hoon)

हे जग स्वामी, अंतर्यामी,
तेरे सन्मुख आता हूँ ।

फुलेरा दूज का श्रीकृष्ण से संबंध

फुलेरा दूज का त्योहार फाल्गुन माह के शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि को मनाया जाता है। यह दिन भगवान श्रीकृष्ण को समर्पित होता है और धूमधाम से मनाया जाता है।

सामने आओगे या आज भी (Samne Aaoge Ya Aaj Bhi)

सामने आओगे या आज भी परदा होगा,
सामने आओंगे या आज भी परदा होगा,

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