लाज रखो हे कृष्ण मुरारी (Laaj Rakho Hey Krishna Murari)

लाज रखो हे कृष्ण मुरारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी ॥


कहता है खुद को बलशाली,

कहता है खुद को बलशाली,

खिंच रहा,

खिंच रहा अबला की साड़ी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी ॥


मैं समझी थी एक है अंधा,

मैं समझी थी एक है अंधा,

यहाँ तो अंधी,

यहाँ तो अंधी सभा है सारी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी ॥


अब मैं आस करूँ कहो किस पर,

अब मैं आस करूँ कहो किस पर,

सबके सब,

सबके सब बैठे है जुआरी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी ॥


सर निचे करके बैठे है,

सर निचे करके बैठे है,

वही गदा वही,

वही गदा वही गांडीव धारी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी ॥

BhaktiBharat Lyrics


लाज रखो हे कृष्ण मुरारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

हे गिरधारी हे बनवारी,

लाज रखों हे कृष्ण मुरारी ॥

........................................................................................................
खेले मसाने में होरी, दिगम्बर(Khele Masane Mein Holi Digambar)

खेले मसाने में होरी,
दिगम्बर,

तुम शरणाई आया ठाकुर(Tum Sharnai Aaya Thakur)

तुम शरणाई आया ठाकुर
तुम शरणाई आया ठाकुर ॥

साल 2025 का पहला विनायक चतुर्थी व्रत

सनातन धर्म में विनायक चतुर्थी का विशेष महत्व है। इस दिन भगवान गणेश की पूजा विधिवत रूप से करने का विधान है।

श्री खाटु श्याम चालीसा (Shri Khatu Shyam Chalisa)

श्री गुरु चरणन ध्यान धर, सुमीर सच्चिदानंद ।
श्याम चालीसा भजत हूँ, रच चौपाई छंद ।

डिसक्लेमर

'इस लेख में दी गई जानकारी/सामग्री/गणना की प्रामाणिकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। सूचना के विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/धार्मिक मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संकलित करके यह सूचना आप तक प्रेषित की गई हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।

यह भी जाने