मदन गोपाल शरण तेरी आयो (Madan Gopal Sharan Teri Aayo)

मदन गोपाल शरण तेरी आयो,

चरण कमल की सेवा दीजै,

चेरो करि राखो घर जायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों ॥


धनि-धनि मात पिता सुत बन्धु,

धनि जननी जिन गोद खिलायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों ॥


धनि-धनि चरण चलत तीरथ को,

धनि गुरु जिन हरिनाम सुनायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों ॥


जे नर बिमुख भये गोविन्द सों,

जनम अनेक महा दुःख पायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों ॥


‘श्री भट्ट’ के प्रभु दियो अभय पद,

यम डरप्यो जब दास कहायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों ॥


मदन गोपाल शरण तेरी आयो,

चरण कमल की सेवा दीजै,

चेरो करि राखो घर जायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों ॥

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देव गुरु बृहस्पति की पूजा विधि?

हिंदू धर्म में प्रत्येक दिन किसी न किसी देवता को समर्पित है। उसी प्रकार, गुरुवार का दिन देवताओं के गुरु बृहस्पति देव का दिन होता है। मान्यता है कि इस दिन विधि-विधान से बृहस्पति की पूजा करने से व्यक्ति के जीवन के सारे कष्ट दूर हो जाते हैं।

नई दुकान की पूजा विधि

किसी भी व्यक्ति के लिए नया व्यापार शुरू करना जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव होता है। यह एक नई उम्मीद और सपनों की शुरुआत होती है। इसी कारण हर व्यवसायी अपनी दुकान की स्थापना के समय पूजा करता है।

सारे तीर्थ धाम आपके चरणो में(Sare Tirath Dham Apke Charno Me)

सारे तीर्थ धाम आपके चरणो में ।
हे गुरुदेव प्रणाम आपके चरणो में ।

शंकर का डमरू बाजे रे: शिव भजन (Shankar Ka Damru Baje Re)

शंकर का डमरू बाजे रे,
कैलाशपति शिव नाचे रे ॥

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